नवजोत कौर सिद्धू से 10.5 करोड़ की धोखाधड़ी: हाईकोर्ट ने आरोपी को भारत लौटने का दिया आदेश

10.5 करोड़ की ठगी: दुबई में फरार आरोपी के खिलाफ हाईकोर्ट में कार्रवाई-यह मामला पंजाब की पूर्व मंत्री और नवजोत सिंह सिद्धू की पत्नी डॉ. नवजोत कौर सिद्धू से जुड़ा है। साल 2019 में, गगनदीप सिंह नाम के शख्स ने डॉ. सिद्धू से 10.5 करोड़ रुपये निवेश के नाम पर लिए थे, जिसमें उन्हें भारी मुनाफे का झांसा दिया गया था। लेकिन, बाद में गगनदीप ने पैसे वापस करने से इनकार कर दिया। डॉ. सिद्धू ने कई बार पैसे वापस मांगे, लेकिन गगनदीप ने कोई जवाब नहीं दिया। इसके बाद, पिछले साल अमृतसर में गगनदीप के खिलाफ मामला दर्ज हुआ। मामला दर्ज होने के बाद, गगनदीप दुबई भाग गया और वहां से अग्रिम जमानत की याचिका दायर की।
निवेश का झांसा और फरार आरोपी-गगनदीप सिंह ने डॉ. नवजोत कौर सिद्धू को एक प्रॉपर्टी में निवेश करने का झांसा दिया था, जिसमें उन्हें बहुत अधिक मुनाफा होने का वादा किया गया था। 10.5 करोड़ रुपये का निवेश करने के बाद, डॉ. सिद्धू को अपने पैसे वापस नहीं मिले। बार-बार मांगने के बाद भी, गगनदीप ने पैसे वापस करने से इनकार कर दिया। इस धोखाधड़ी के बाद, डॉ. सिद्धू ने अमृतसर में गगनदीप के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत दर्ज होने के बाद, गगनदीप दुबई भाग गया और वहां से उसने अग्रिम जमानत के लिए हाईकोर्ट में याचिका दायर की। यह घटना निवेशकों के लिए एक बड़ी चेतावनी है कि किसी भी निवेश से पहले पूरी तरह से जांच-पड़ताल करना बेहद जरूरी है।
हाईकोर्ट का फैसला और आगे की कार्रवाई-गगनदीप की अग्रिम जमानत याचिका पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट में पहुंची। कोर्ट ने स्पष्ट रूप से कहा कि इतने बड़े घोटाले में विदेश से जमानत याचिका पर सुनवाई संभव नहीं है। कोर्ट ने गगनदीप को भारत वापस आने और अपना पासपोर्ट कोर्ट में जमा करने का आदेश दिया है। हाईकोर्ट ने इस मामले को बहुत गंभीरता से लिया है क्योंकि इसमें शामिल व्यक्ति उच्च पद पर हैं और यह एक बड़ी धोखाधड़ी है। कोर्ट ने कहा कि इस तरह की धोखाधड़ी बहुत ही संवेदनशील है और पीड़ित एक उच्च प्रोफाइल व्यक्ति हैं। अगली सुनवाई अगले मंगलवार को होगी। तब तक गगनदीप को भारत वापस आना होगा। यह मामला निवेशकों के लिए एक सबक है कि बड़े मुनाफे के लालच में आकर जल्दबाजी में कोई फैसला नहीं लेना चाहिए। अपने पैसे को सुरक्षित रखना बहुत जरूरी है।

