2030 तक भारत में दोपहिया बाजार पर कब्जा जमाने की तैयारी में Honda, महिलाओं पर रहेगा खास फोकस

Honda का धमाकेदार प्लान: 2030 तक भारत में राज करेगी!-Honda ने 2030 तक भारत के दोपहिया बाजार में 30% हिस्सेदारी हथियाने का लक्ष्य रखा है! अभी तो उनके पास 27% ही है, लेकिन ये कंपनी बड़ी तेजी से आगे बढ़ रही है। दुनियाभर में 50% बाजार पर कब्जा जमाने के उनके सपने में भारत बहुत अहम भूमिका निभाएगा।
महिलाएं होंगी अगला बड़ा टारगेट-अभी तक भारत में दोपहिया वाहन खरीदने वालों में महिलाओं की संख्या बहुत कम है, सिर्फ 10%। लेकिन Honda को भरोसा है कि जैसे-जैसे महिलाएं आगे बढ़ेंगी, और कामकाज में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेंगी, वैसे-वैसे दोपहिया वाहनों की मांग भी बढ़ेगी। इसलिए, कंपनी महिलाओं को ध्यान में रखकर अपनी योजना बना रही है।
ASEAN में मिली कामयाबी, अब भारत पर नज़र-Honda ने पहले ही ASEAN देशों में 80% से ज़्यादा बाज़ार पर कब्ज़ा कर लिया है। अब उनकी नज़र भारत पर है। भारत की बड़ी आबादी और तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था Honda के लिए बहुत बड़ा मौका है।
2030 तक दुनियाभर में 50% बाजार हिस्सेदारी का लक्ष्य-Honda का 2030 तक 6 करोड़ गाड़ियाँ बेचने का लक्ष्य है जिसमें इलेक्ट्रिक वाहन भी शामिल हैं। कंपनी चाहती है कि इनमें से आधी गाड़ियाँ Honda की ही हों। भारत इस लक्ष्य को हासिल करने में अहम भूमिका निभाएगा।
इलेक्ट्रिक वाहनों की तैयारी जोरों पर-Honda 2030 तक 30 नए इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर मॉडल लॉन्च करने की योजना बना रही है और हर साल 40 लाख गाड़ियाँ बेचने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए 2028 तक भारत में एक नया प्लांट भी लगाया जाएगा।
EV बदलाव की चुनौतियाँ-हालांकि इलेक्ट्रिक वाहनों का चलन बढ़ रहा है, लेकिन चार्जिंग स्टेशन की कमी और बिजली की उपलब्धता अभी भी एक बड़ी चुनौती है। इसलिए, Honda फ्लेक्स फ्यूल जैसे विकल्पों पर भी विचार कर रही है।
पिछले साल की बिक्री-पिछले साल (FY25) में Honda ने लगभग 48 लाख गाड़ियाँ बेचीं, जो पिछले साल से ज़्यादा है। लेकिन Hero MotoCorp अभी भी सबसे आगे है।

