क्या शहीद ऊधम सिंह के शहादत दिवस पर भगवंत मान और केजरीवाल का संदेश बदलेगा पंजाब की तस्वीर?

शहीद ऊधम सिंह: वीरता और बलिदान की गाथा
शहीद ऊधम सिंह को श्रद्धांजलि-पंजाब में शहीद ऊधम सिंह के बलिदान दिवस पर एक भावभीना समारोह आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल ने उनकी प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की और उनके बलिदान को याद किया। मान ने कहा कि देश के वीर सपूतों का सम्मान करना हमारा कर्तव्य है। उन्होंने ऊधम सिंह की वीरता का जिक्र करते हुए बताया कि कैसे उन्होंने जलियांवाला बाग नरसंहार का बदला लेने के लिए 21 साल तक धैर्य से इंतजार किया और अंत में सर माइकल ओ’ड्वायर को मौत के घाट उतार दिया।
भगवंत मान का विकास का वादा-इस कार्यक्रम में भगवंत मान ने पंजाब में तस्करी के खिलाफ सख्त कार्रवाई का ऐलान किया और बिक्रम सिंह मजीठिया पर निशाना साधा। उन्होंने बताया कि बड़े तस्कर अब जेल की सलाखों के पीछे हैं और सरकार अब पूरी तरह से सख्ती से काम कर रही है। साथ ही, उन्होंने ग्रामीण इलाकों में सड़कों की मरम्मत का भी ऐलान किया। उन्होंने कहा कि पंजाब का खजाना अब जनता के कल्याण के लिए इस्तेमाल होगा, और यह शहीदों की धरती का सौभाग्य है। उन्होंने कहा कि सरकार जनता को नशा और भ्रष्टाचार से मुक्त राज्य देने के लिए प्रतिबद्ध है।
केजरीवाल का शिक्षा और बिजली पर जोर-अरविंद केजरीवाल ने कहा कि 2022 में पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार बनना ईश्वर की कृपा है। उन्होंने पिछली सरकारों पर आरोप लगाया कि उन्होंने नशा फैलाया और सरकारी स्कूलों और अस्पतालों को बर्बाद कर दिया। केजरीवाल ने दावा किया कि उनकी सरकार ने शिक्षा में क्रांति लाकर गरीब बच्चों को आईआईटी जैसे संस्थानों में प्रवेश दिलाया है और किसानों को दिन में बिजली उपलब्ध कराई है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे बीजेपी, अकाली दल और कांग्रेस को फिर से सत्ता में न आने दें।

