
पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले यातायात पुलिस के 22 अधिकारी/कर्मचारियों को नगद ईनाम एवं प्रशस्ति पत्र देकर किया सम्मान
सम्मान समारोह में अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर श्री अमित तुकाराम कांबले ने जवानों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें भविष्य में भी इसी समर्पण एवं सतर्कता के साथ कार्य करने के लिए शुभकामनाएं दीं।
पुलिस कमिश्नर रायपुर डॉ. संजीव शुक्ला द्वारा पूर्व में यातायात पुलिस के अधिकारी एवं कर्मचारियों की बैठक लेकर निर्देशित किया गया था कि यातायात व्यवस्था एवं वाहन चेकिंग के दौरान चौक-चौराहों एवं प्रमुख मार्गों पर बिना नंबर, मुड़ी हुई नंबर प्लेट, संदिग्ध अथवा लावारिस अवस्था में मिलने वाले वाहनों की गंभीरता से जांच कर आवश्यक वैधानिक कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। साथ ही संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान कर संबंधित थाना पुलिस के साथ समन्वय स्थापित किया जाए।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!यातायात पुलिस के जवानों ने इन निर्देशों को गंभीरता से पालन करते हुए लगातार वाहन चेकिंग, पेट्रोलिंग एवं तकनीकी माध्यमों से जांच की। परिणामस्वरूप विगत एक माह में 09 अलग-अलग प्रकरणों में चोरी के 09 वाहनों की सफलतापूर्वक बरामदगी की गई, जिससे संबंधित अपराधों के खुलासे में महत्वपूर्ण सफलता मिली।
प्रकरण क्रमांक-01
दिनांक 26 जुलाई 2026 (रविवार) को शाम लगभग 5:00 बजे यातायात तेलीबांधा में पदस्थ प्रधान आरक्षक रामूराम महिलांगे एवं आरक्षक क्रमांक 1237 संजय जगत राम मंदिर वीआईपी चौक पर यातायात व्यवस्था में तैनात थे। इसी दौरान लभांडी सर्विस रोड की ओर से तीन सवारी लेकर एक मोटरसाइकिल वीआईपी चौक पहुंची। वाहन की आगे की नंबर प्लेट के अंतिम चार अंक मुड़े हुए थे तथा पीछे नंबर प्लेट नहीं लगी थी, जिससे वाहन संदिग्ध प्रतीत हुआ।
वाहन चालक से पूछताछ करने पर संतोषजनक उत्तर नहीं मिलने पर मोबाइल डिवाइस के माध्यम से वाहन का विवरण प्राप्त किया गया। प्रथम दृष्टया वाहन का नंबर किसी अन्य व्यक्ति के नाम पर पंजीकृत पाया गया। संबंधित वाहन स्वामी से संपर्क करने पर उसने बताया कि उसकी मोटरसाइकिल उसके घर पर सुरक्षित खड़ी है तथा उसका फोटो एवं आरसी भी उपलब्ध कराया गया। इसके बाद वाहन के चेचिस नंबर के आधार पर जांच करने पर वास्तविक वाहन स्वामी रोहित कुमार यादव निवासी पंडरी, जिला गरियाबंद का पता चला। उन्होंने बताया कि उक्त मोटरसाइकिल फरवरी 2025 में गरियाबंद से चोरी हो गई थी। थाना फिंगेश्वर से संपर्क करने पर वाहन चोरी का अपराध दर्ज होना सत्य पाया गया। तत्पश्चात वाहन एवं आरोपी को अग्रिम वैधानिक कार्रवाई हेतु थाना तेलीबांधा के सुपुर्द किया गया।
प्रकरण क्रमांक-02
दिनांक 31 जुलाई 2026 को यातायात पचपेड़ी नाका में पदस्थ आरक्षक क्रमांक 2207 संदीप साहू पेट्रोलिंग के दौरान कमल विहार स्थित सब्जी मंडी डुमरतराई के पास बिना नंबर प्लेट की एक लावारिस मोटरसाइकिल मिली। संदेह होने पर वाहन के चेचिस नंबर के माध्यम से मोबाइल एप पर जांच की गई, जिसमें वाहन का वास्तविक पंजीयन क्रमांक प्राप्त हुआ।
जांच में वाहन स्वामी पुलक पुरी गोस्वामी निवासी रावतपुरा कॉलोनी, फेस-1, टिकरापारा रायपुर से संपर्क किया गया। उन्होंने बताया कि उनकी मोटरसाइकिल 27 जुलाई 2026 को चोरी हो गई थी तथा इस संबंध में थाना टिकरापारा में अपराध क्रमांक 686/2026, दिनांक 28 जुलाई 2026 को प्रकरण दर्ज है। थाना टिकरापारा से पुष्टि उपरांत वाहन को अग्रिम कार्रवाई हेतु संबंधित थाना के सुपुर्द किया गया। इस प्रकार 9 अलग-अलग प्रकरणों में 9 चोरी के वाहनों की बरामद करने सफलता प्राप्त हुई ।
संदिग्ध व्यक्तियों एवं हथियारबंद आरोपियों पर भी प्रभावी कार्यवाही
वाहन बरामदगी के साथ-साथ यातायात पुलिस के जवानों ने चौक-चौराहों पर ड्यूटी के दौरान संदिग्ध गतिविधियों पर भी निरंतर निगरानी रखी। विगत 15 दिनों में अलग-अलग 03 प्रकरणों में चाकू एवं अन्य धारदार हथियार लेकर घूम रहे 03 संदिग्ध व्यक्तियों को पकड़कर संबंधित थानों के सुपुर्द किया गया। इन मामलों में उल्लेखनीय कार्य करने वाले 05 यातायात पुलिस कर्मियों को भी सम्मानित किया गया।
वाहन बरामदगी, संदिग्ध व्यक्तियों की गिरफ्तारी, अपराध नियंत्रण एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने में उत्कृष्ट कार्य करने वाले यातायात पुलिस के कुल 22 अधिकारी एवं कर्मचारियों को पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला द्वारा नगद पुरस्कार एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
सम्मान समारोह में अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर श्री अमित तुकाराम कांबले ने सभी जवानों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि यातायात पुलिस केवल यातायात व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि अपराध नियंत्रण एवं कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उन्होंने सभी जवानों को भविष्य में भी इसी निष्ठा, सतर्कता एवं समर्पण के साथ कार्य करने हेतु शुभकामनाएं दीं।
इस अवसर पर पुलिस उपायुक्त यातायात एवं प्रोटोकॉल डॉ. अर्चना झा, सहायक पुलिस आयुक्त यातायात श्री रमेश येरेवार सहित यातायात पुलिस के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
पुलिस उपायुक्त यातायात एवं प्रोटोकॉल डॉ. अर्चना झा ने कहा कि पुलिस कमिश्नर द्वारा दिए गए निर्देशों के अनुरूप यातायात पुलिस केवल सुगम एवं सुरक्षित यातायात व्यवस्था तक सीमित न रहकर अपराध नियंत्रण में भी सक्रिय भूमिका निभा रही है। संदिग्ध वाहनों एवं व्यक्तियों की लगातार जांच, आधुनिक तकनीक के उपयोग, मोबाइल एप एवं डिजिटल सत्यापन प्रणाली के माध्यम से अपराधियों तक पहुंचना अब अधिक प्रभावी हुआ है। भविष्य में भी यातायात पुलिस इसी प्रकार सतर्कता, तकनीकी दक्षता एवं टीम वर्क के साथ कार्य करते हुए आमजन की सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए प्रतिबद्ध रहेगी।

