
दवाओं से भी कंट्रोल में रहता डायबिटीज? तो रोज खाना शुरू कर दें Toned Milk Curd
ब्लड शुगर लेवल को मैनेज करना मुश्किल है और लोग अक्सर सिर्फ शुगर कम करने के बारे में सोचते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि टोन्ड दही खाने से आपके शुगर लेवल को बनाए रखने में भी मदद मिल सकती है? टोन्ड दही न सिर्फ़ डाइजेशन के लिए अच्छा है बल्कि ब्लड शुगर लेवल को स्टेबल रखने में भी मदद करता है। इसमें प्रोटीन और हेल्दी फैट भरपूर होता है, जो टोन्ड मिल्क दही को डायबिटीज़ फ्रेंडली डाइट के लिए एक बढ़िया चीज़ बनाता है। आइए जनते हैं टोन्ड मिल्क दही कैसे काम करता है और यह बेहतर हेल्थ के लिए क्यों मददगार हो सकता है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!टोंड मिल्क है बेहतर विकल्प
टोंड मिल्क में फैट कम होता है, जिससे कैलोरी कंट्रोल रहती है, वजन बढ़ने का जोखिम कम होता है, दिल की सेहत के लिए बेहतर रहता है दूध में मौजूद प्रोटीन (केसीन और व्हे) ब्लड शुगर को धीरे-धीरे बढ़ने में मदद करता है। यह पेट को लंबे समय तक भरा हुआ महसूस कराता है, जिससे ओवरईटिंग कम होती है। दूध में प्राकृतिक शुगर (लैक्टोज) होती है, लेकिन इसका GI बहुत ज्यादा नहीं होता। इसलिए सीमित मात्रा (1 कप) में लेने से आमतौर पर शुगर तेजी से नहीं बढ़ती।
दही कैसे करता है मदद?
प्रोबायोटिक्स का लाभ: दही में मौजूद अच्छे बैक्टीरिया (प्रोबायोटिक्स) पाचन सुधारते हैं और इंसुलिन सेंसिटिविटी बेहतर करने में सहायक हो सकते हैं।
ब्लड शुगर स्पाइक कम: खाने के साथ दही लेने से कार्बोहाइड्रेट का अवशोषण थोड़ा धीमा हो सकता है, जिससे शुगर अचानक नहीं बढ़ती।
पेट और इम्यूनिटी के लिए अच्छा: स्वस्थ पाचन तंत्र ब्लड शुगर कंट्रोल में भी सकारात्मक भूमिका निभाता है।
किन बातों का रखें ध्यान?
मीठा या फ्लेवर्ड दही न लें, फुल क्रीम दूध से बचें (अगर वजन ज्यादा है)। दिन में 1 कप दूध या 1 कटोरी दही पर्याप्त है। अपनी ब्लड शुगर नियमित जांचते रहें। हर व्यक्ति की जरूरत अलग होती है इसलिए व्यक्तिगत डाइट प्लान के लिए डॉक्टर या डाइटीशियन से सलाह लेना बेहतर है।

