
उपराष्ट्रपति चुनाव: 9 सितंबर को होगी अहम जंग!-भारत में 9 सितंबर को 17वाँ उपराष्ट्रपति चुनाव होने जा रहा है। यह चुनाव कई मायनों में खास है, खासकर जगदीप धनखड़ के अचानक इस्तीफे के बाद। आइए, इस चुनाव से जुड़ी हर महत्वपूर्ण बात पर एक नज़र डालते हैं।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!धनखड़ का अचानक इस्तीफा: एक नया अध्याय-21 जुलाई को उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया, जिससे देशभर में हलचल मच गई। यह पहला मौका है जब किसी मौजूदा उपराष्ट्रपति ने अपने कार्यकाल के बीच में पद छोड़ने का फैसला किया है। उनके पास अभी भी दो साल से ज़्यादा का कार्यकाल बाकी था। इससे पहले, केवल वी.वी. गिरी और आर. वेंकटरमण ने ही इस्तीफा दिया था, और वो भी राष्ट्रपति चुनाव लड़ने के लिए। इस अचानक घटनाक्रम ने राजनीतिक गलियारों में कई तरह की चर्चाएँ शुरू कर दी हैं।
विपक्ष बनाम NDA: क्या होगा नतीजा?-इस चुनाव में, कांग्रेस के नेतृत्व वाला विपक्ष एक साझा उम्मीदवार खड़ा करने की कोशिश में जुटा है। दूसरी तरफ, BJP के नेतृत्व वाला NDA अपने बड़े संख्या बल के दम पर काफी मजबूत स्थिति में दिखाई दे रहा है। NDA के पास लोकसभा और राज्यसभा में कुल मिलाकर 422 वोट हैं, जबकि जीत के लिए 391 वोटों की ज़रूरत है। यह देखना दिलचस्प होगा कि विपक्ष NDA की इस बढ़त को कैसे चुनौती देता है।
उपराष्ट्रपति बनने के लिए क्या चाहिए?-उपराष्ट्रपति बनने के लिए कुछ खास योग्यताएँ ज़रूरी हैं। उम्मीदवार को भारतीय नागरिक होना चाहिए, उसकी उम्र कम से कम 35 साल होनी चाहिए, और वह राज्यसभा का सदस्य बनने के योग्य होना चाहिए। साथ ही, वह किसी भी लाभ के पद पर नहीं होना चाहिए। चुनाव गुप्त मतदान और एकल संक्रमणीय मत प्रणाली से होगा, जिससे हर वोट की अहमियत बढ़ जाती है।

