
खुशखबरी! पंजाब बोर्ड ने बढ़ाई एडमिशन की तारीख, लाखों छात्रों को मिली बड़ी राहत!-पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड (PSEB) ने 2025-26 सत्र के लिए 8वीं से 12वीं कक्षा तक के एडमिशन की आखिरी तारीख को आगे बढ़ा दिया है। यह फैसला उन हजारों छात्रों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है जो किसी कारणवश समय पर अपना एडमिशन नहीं करवा पाए थे। अब 29 अगस्त तक छात्र अपना एडमिशन पक्का कर सकते हैं, जिससे उनका कीमती साल बच जाएगा और वे अपनी पढ़ाई सुचारू रूप से जारी रख पाएंगे।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!एडमिशन की राह हुई आसान, कागजी झंझट खत्म!-पहले छात्रों को एडमिशन के लिए समकक्ष प्रमाण पत्र (Equivalence Certificate) जैसी कई औपचारिकताओं को पूरा करना पड़ता था, जिससे प्रक्रिया थोड़ी जटिल हो जाती थी। लेकिन अब बोर्ड ने इस नियम को हटा दिया है। छात्रों को केवल अपनी पिछली कक्षा की मार्कशीट और सर्टिफिकेट जमा करना होगा। इससे न केवल समय की बचत होगी, बल्कि छात्रों और अभिभावकों के लिए एडमिशन लेना भी काफी आसान हो गया है।
स्कूलों पर बढ़ी जिम्मेदारी, अब वे करेंगे छात्रों का रजिस्ट्रेशन-इस नए फैसले के साथ, बोर्ड ने स्कूलों को भी अहम निर्देश जारी किए हैं। अब जिन छात्रों ने अभी तक अपना एडमिशन नहीं लिया है, उनके रजिस्ट्रेशन की पूरी जिम्मेदारी स्कूलों की होगी। स्कूलों को इन छात्रों का डेटा पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर समय पर अपडेट करना होगा। यह सुनिश्चित करेगा कि सभी छात्रों का रिकॉर्ड सही रहे और किसी भी तरह की असुविधा न हो।
दूसरे राज्यों के छात्रों के लिए खास प्रक्रिया-जो छात्र किसी अन्य राज्य या बोर्ड से पंजाब में आकर एडमिशन लेना चाहते हैं, उनके लिए प्रक्रिया थोड़ी अलग रखी गई है। स्कूल प्रबंधन को ऐसे छात्रों के दस्तावेजों की अच्छी तरह से जांच करनी होगी। नियमों के मुताबिक, यह सारी जानकारी 10 दिनों के अंदर संबंधित शाखा तक पहुंचानी होगी। यह कदम पारदर्शिता बनाए रखने और किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकने में मदद करेगा।
छात्रों और अभिभावकों में खुशी की लहर-बोर्ड के इस निर्णय से छात्रों और उनके अभिभावकों में खुशी की लहर दौड़ गई है। जिन छात्रों का एडमिशन छूटने वाला था, उनके लिए यह एक बड़ी राहत है। अभिभावकों का कहना है कि इस फैसले से उनके बच्चों का साल बर्बाद होने से बच गया है। यह कदम दिखाता है कि पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड छात्रों के भविष्य और उनकी सुविधाओं को कितनी अहमियत देता है।

