
ICICI बैंक का नया नियम: अब बचत खाते में रखना होगा 50 हजार, नहीं तो भरना पड़ेगा जुर्माना
ICICI बैंक का नया नियम: जेब पर पड़ेगा बोझ?- क्या आप जानते हैं कि ICICI बैंक ने अपने ग्राहकों के लिए एक नया नियम बनाया है जो आपकी जेब पर भारी पड़ सकता है? इस नए नियम के मुताबिक, आपको अपने खाते में न्यूनतम बैलेंस रखना होगा, नहीं तो आपको जुर्माना देना पड़ेगा। आइए जानते हैं इस नियम के बारे में विस्तार से।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!न्यूनतम बैलेंस नियम क्या है?- ICICI बैंक ने मेट्रो शहरों में रहने वाले ग्राहकों के लिए न्यूनतम मासिक औसत बैलेंस 50,000 रुपये कर दिया है। अर्ध-शहरी क्षेत्रों में यह राशि 25,000 रुपये और ग्रामीण क्षेत्रों में 10,000 रुपये है। अगर आपके खाते में इतना बैलेंस नहीं है, तो बैंक आपको हर 1,000 रुपये की कमी पर 5 रुपये का जुर्माना लगाएगा, यानी अधिकतम 150 रुपये प्रति माह। यह नियम उन ग्राहकों के लिए बहुत मुश्किल हो सकता है जिनकी मासिक आय कम है। ऐसे में, उन्हें हर महीने जुर्माना देने के लिए अतिरिक्त पैसे जोड़ने पड़ेंगे। यह नियम उन लोगों के लिए और भी ज्यादा मुश्किल है जो पहले से ही आर्थिक तंगी का सामना कर रहे हैं।
पब्लिक सेक्टर बैंक क्या कर रहे हैं?-इसके विपरीत, कई पब्लिक सेक्टर बैंक अपने ग्राहकों को राहत दे रहे हैं। पंजाब नेशनल बैंक और केनरा बैंक ने न्यूनतम बैलेंस न रखने पर लगने वाले जुर्माने को पूरी तरह से हटा दिया है। इससे किसानों, मजदूरों और छोटे व्यापारियों को बड़ी राहत मिली है। PNB के मैनेजिंग डायरेक्टर अशोक चंद्रा ने कहा है कि इस फैसले का मकसद बैंकिंग को और अधिक सुलभ बनाना है। इससे साफ है कि पब्लिक सेक्टर बैंक अपने ग्राहकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए काम कर रहे हैं, जबकि ICICI बैंक का नया नियम ग्राहकों पर अतिरिक्त बोझ डालता है।
क्या RBI को इस पर रोक लगानी चाहिए?-सोशल मीडिया पर लोग भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) से मांग कर रहे हैं कि वह ऐसे नियमों पर रोक लगाए। यह सवाल उठता है कि क्या एक साधारण बचत खाता रखना सिर्फ अमीर लोगों का हक है या यह हर भारतीय के लिए अपनी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रखने का एक जरूरी साधन होना चाहिए? ICICI बैंक के इस नए नियम से आम आदमी की आर्थिक स्थिति पर गहरा प्रभाव पड़ सकता है।

