
अबूझमाड़ को जोड़ेगी बहुप्रतीक्षित सड़क, मंत्री केदार कश्यप के नेतृत्व में सड़क निर्माण के लिए मिला 54.74 करोड़ की प्रशासकीय स्वीकृति
यह सड़क केवल पत्थर और डामर नहीं है, ये क्षेत्र की उम्मीदों, संघर्ष और विकास की बुनियाद है- केदार कश्यप
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!वनमंत्री केदार कश्यप के प्रयासों से मिला जनआकांक्षाओं को सम्मान, पल्ली-छोटेडोंगर-ओरछा मार्ग का होगा पुनर्निर्माण
नारायणपुर। नारायणपुर जिले के पल्ली–छोटेडोंगर–ओरछा मार्ग (किमी 13.00 से 31.00 तक) के मजबूतीकरण और पुनर्निर्माण कार्य हेतु (लगभग 54.74 करोड़) रूपये की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। यह सड़क आदिवासी अंचल अबूझमाड़ से लेकर नारायणपुर और ओरछा तक के हजारों लोगों विकास मार्ग से जोड़ेगा । वर्षों से यह मार्ग जर्जर स्थिति में था, जिससे ग्रामीणों को आवागमन, स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा और व्यापार में भारी कठिनाई होती थी। लेकिन अब सड़क की प्रशासकीय स्वीकृति मिल चुकी है। इस निर्णय से नारायणपुर क्षेत्रवासी खुश हैँ।
स्थानीय नारायणपुर निवास जगदीश ने बताया कि इस स्वीकृति के पीछे एक लंबा संघर्ष जुड़ा है। जब भाजपा विपक्ष में थी, तब इसी सड़क को लेकर भाजपा नेता वर्तमान वनमंत्री केदार कश्यप के नेतृत्व में कई बार धरना, प्रदर्शन, जनआंदोलन और सरकार को ज्ञापन सौंपे गए। उस समय भाजपा कार्यकर्ताओं ने लगातार आवाज उठाया। आज वही संघर्ष रंग लाया है। केबिनेट मंत्री एवं नारायणपुर विधायक केदार कश्यप के नेतृत्व में यह बहुप्रतीक्षित स्वीकृति मिली है। वनमंत्री केदार कश्यप ने सड़क के प्रशासकीय स्वीकृति को लेकर कहा कि ये सड़क केवल पत्थर और डामर नहीं है, ये क्षेत्र की उम्मीदों, संघर्ष और विकास की बुनियाद है। हमने विपक्ष में रहकर इसके लिए आवाज उठाई थी, आज उसे धरातल पर उतारने का अवसर मिला है। ये शुरुआत है — अबूझमाड़ को जोड़ने और संवारने की। यह स्वीकृति छत्तीसगढ़ सरकार की आदिवासी अंचलों के प्रति प्रतिबद्धता, संवेदनशीलता और समर्पण का सशक्त प्रमाण है। उन्होंने कहा इस सड़क के निर्माण से अबूझमाड़ जैसे दुर्गम क्षेत्र की जनता को सुगम आवागमन का सुविधा प्राप्त होगा। इसके साथ ही खनिज परिवहन के लिए मजबूत और स्थायी रास्ता मिलेगा। स्थानीय लोगों को निर्माण और परिवहन के क्षेत्र में रोजगार प्राप्त होंगे। सड़क निर्माण के बाद शिक्षा, स्वास्थ्य और प्रशासनिक सेवाओं तक पहुंच होगी सहज।

