
जल संरक्षण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए कांकेर जिले की मासुलपानी पंचायत को राष्ट्रीय स्तर पर मिला द्वितीय पुरस्कार
नई दिल्ली में 5वें राष्ट्रीय जल पुरस्कार समारोह में केंद्रीय जलमंत्री सीआर पाटिल ने किया पुरस्कृत
रायपुर । जल संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य के लिए छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले की ग्राम पंचायत मासुलपानी को 5वें राष्ट्रीय जल पुरस्कार समारोह में श्रेष्ठ पंचायत की श्रेणी में द्वितीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। आज मंगलवार काे नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित समारोह में केंद्रीय जलमंत्री सीआर पाटिल द्वारा ग्राम पंचायत मासुलपानी की सरपंच रमिया नेताम को पुरस्कृत किया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
उल्लेखनीय है कि जल संरक्षण के क्षेत्र में मासुलपानी पंचायत ने उल्लेखनीय कार्य किया है। इस ग्राम पंचायत में 161 जल शेड संरचनाएं बनाई गई हैं, जिनमें 99 फार्म तालाब शामिल हैं। इसके अलावा, वर्ष 2023 के दौरान पंचायत द्वारा 39 नंबर ब्रशवुड, एक सामुदायिक तालाब डी-सिल्टिंग, 02 कुएं, 02 भूमिगत बांध, 03 गेबियन और अन्य संरचनाओं का निर्माण किया गया है। इसके चलते लोगों ने सिंचाई के लिए सतही जल का उपयोग करना शुरू कर दिया है। जल संरक्षण और इसके समुचित उपयोग की दिशा में इस नवाचार के लिए मासुलपानी ग्राम पंचायत को पुरस्कृत किया गया है।
जल शक्ति मंत्रालय राष्ट्रीय स्तर पर जल प्रबंधन और जल संरक्षण के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए एक व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। लोगों में जल के महत्व के बारे में जागरूकता उत्पन्न करने और लोगों को सर्वाेत्तम जल उपयोग प्रणालियों को अपनाने के लिए प्रेरित करने के लिए राष्ट्रीय जल पुरस्कार प्रदान किया जाता है।
राष्ट्रीय जल पुरस्कार (एनडब्ल्युए) देश भर में व्यक्तियों और संगठनों द्वारा ’जल समृद्ध भारत’ के सरकार के विज़न को प्राप्त करने में किए गए अच्छे काम और प्रयासों पर केंद्रित है। ये पुरस्कार लोगों में जल के महत्व के बारे में जागरूकता उत्पन्न करने और उन्हें सर्वाेत्तम जल उपयोग प्रणालियों को अपनाने के लिए प्रेरित करने के लिए हैं।

