
उल्टी चाल: सेहत की अनोखी दौड़-आजकल की भागमभाग भरी ज़िन्दगी में, थोड़ी देर की टहल भी सेहत के लिए कितनी ज़रूरी है, ये तो हम सब जानते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि उल्टी चाल यानी रिवर्स वॉकिंग भी आपके लिए कमाल का फायदा दे सकती है? चलिए, जानते हैं इसके कमाल के फायदों के बारे में।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!कमर दर्द और गर्दन दर्द से छुटकारा-कितनी बार हम दिनभर कंप्यूटर या मोबाइल पर झुके रहते हैं? इससे हमारी कमर और गर्दन में दर्द होना आम बात है। लेकिन रिवर्स वॉकिंग इस समस्या का एक आसान हल हो सकता है। जब आप उल्टा चलते हैं, तो आपकी रीढ़ की हड्डी सीधी रहती है और कंधे पीछे की ओर खिंचते हैं। इससे आपका पोस्चर बेहतर होता है और पीठ की मांसपेशियां मज़बूत बनती हैं। थोड़ी देर की रोज़ाना उल्टी चाल, कमर और गर्दन के दर्द से निजात दिला सकती है। बस 10-15 मिनट, हफ़्ते में कुछ दिन, और आप फर्क महसूस करेंगे।
घुटनों के दर्द में आराम-आम चलने के मुक़ाबले, उल्टी चाल घुटनों पर कम दबाव डालती है। अगर आपको अर्थराइटिस या घुटनों में दर्द है, तो ये आपके लिए बहुत फायदेमंद हो सकता है। उल्टी चाल घुटनों की मांसपेशियों और लिगामेंट्स को मज़बूत बनाती है, जिससे घुटनों का लचीलापन बढ़ता है और दर्द कम होता है। कई बार डॉक्टर भी रिकवरी के दौरान रिवर्स वॉकिंग की सलाह देते हैं। रोज़ाना थोड़ी देर उल्टा चलने से आपके घुटनों का स्वास्थ्य बेहतर हो सकता है।
बेहतर संतुलन और तालमेल-उल्टी चाल आपके शरीर के संतुलन और तालमेल को बेहतर बनाती है। जब हम पीछे की ओर चलते हैं, तो हमारे दिमाग को हर कदम पर ध्यान देना पड़ता है। इससे हमारी बॉडी अवेयरनेस बढ़ती है, खासकर बुजुर्गों के लिए ये बहुत फायदेमंद है क्योंकि इससे गिरने का खतरा कम होता है। थोड़ी सी रिवर्स वॉकिंग आपके रिफ्लेक्स को भी तेज कर देती है।
ज़्यादा कैलोरी बर्न और वज़न घटाने में मदद-अगर आप वज़न कम करना चाहते हैं, तो रिवर्स वॉकिंग आपके लिए बहुत कारगर साबित हो सकती है। इसमें सामान्य चलने से ज़्यादा मेहनत लगती है, जिससे ज़्यादा कैलोरी बर्न होती है। यह आपके मेटाबॉलिज्म को भी तेज करती है, जिससे वज़न कम करने में मदद मिलती है। रिसर्च बताते हैं कि 15 मिनट की रिवर्स वॉकिंग, 25 मिनट की आम वॉकिंग जितनी कैलोरी बर्न कर सकती है।
पैरों की मांसपेशियों को मज़बूत बनाना-उल्टी चाल से आपके पैरों की कई मांसपेशियां एक्टिव हो जाती हैं, जिससे पैर मज़बूत और टोन होते हैं। खेल-कूद से जुड़े लोगों के लिए ये एक बेहतरीन एक्सरसाइज है। सीढ़ियों पर उल्टा चलने से इसका असर और भी ज़्यादा होता है।
मानसिक स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद-रिवर्स वॉकिंग दिमाग के लिए भी बहुत फायदेमंद है। इसमें लगातार ध्यान देने की ज़रूरत होती है, जिससे दिमाग एक्टिव और अलर्ट रहता है। यह तनाव कम करने और मूड बेहतर करने में मदद करती है।
सावधानियाँ-अगर आप पहली बार उल्टा चल रहे हैं, तो धीरे-धीरे शुरू करें। खुली और सुरक्षित जगह पर चलें, सही जूते पहनें और अपने शरीर को सुनें।

