
कैट ने सीए और डॉक्टर्स डे पर किया सम्मान समारोह का आयोजन
सीए अमित चिमनानी, सीए जी.एस. अग्रवाल, सीए अभिषेक महावर, डॉ. कालड़ा, डॉ. सुशील जैन और डॉ. निखिल मोतीरमानी सम्मानित
सीए अमित चिमनानी ने उद्योग नीति और पर्यटन की असीम संभावनाओं से छत्तीसगढ़ के व्यापारियों को कराया अवगत, कहा : इन उभरते हुए अवसरों को पहचानने की जरूरत
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!रायपुर। कॉन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) द्वारा सीए डे एवं डॉक्टर्स डे के उपलक्ष्य में एक गरिमामयी सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में चिकित्सा और वित्तीय क्षेत्र में उत्कृष्ट सेवाएं तथा राष्ट्र और प्रदेश की तरक्की में अमूल्य योगदान देने वाले छत्तीसगढ़ के ख्यातिप्राप्त चार्टर्ड अकाउंटेंट्स और डॉक्टर्स सीए अमित चिमनानी ,सीए जी.एस. अग्रवाल, सीए अभिषेक महावर, डॉ. कालड़ा, डॉ. सुशील जैन और डॉ. निखिल मोतीरमानी को सम्मानित किया गया। इस विशेष अवसर पर कैट द्वारा देश व प्रदेश के विकास में अहम योगदान देने के लिए सीए अमित चिमनानी को भी विशिष्ट रूप से सम्मानित किया गया।
छत्तीसगढ़ की उद्योग नीति में व्यापारियों के लिए स्वर्णिम अवसर
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीए श्री चिमनानी ने प्रदेश की उद्योग नीति पर विस्तृत प्रकाश डाला और व्यापारियों के लिए मार्गदर्शन व महत्वपूर्ण सुझाव साझा करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार की वर्तमान उद्योग नीति में व्यापारियों और उद्यमियों के लिए असीम सम्भावनाएँ हैं। जब हमारा छत्तीसगढ़ एक ‘विकसित प्रदेश’ के रूप में उभरेगा, तो उसका सीधा और सबसे बड़ा लाभ यहाँ के व्यापारियों को मिलेगा। इसके लिए प्रदेश के व्यापारिक समुदाय को जागरूक होने की अत्यंत आवश्यकता है। श्री चिमनानी ने छत्तीसगढ़ को पर्यटन और सांस्कृतिक केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए सरकार द्वारा उठाए जा रहे बड़े कदमों की सराहना की और प्रमुख घोषणाओं को रेखांकित कर बताया कि प्रदेश के प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों जैसे रतनपुर में माँ महामाया मन्दिर, डोंगरगढ़ में माँ बम्लेश्वरी देवी मन्दिर, दन्तेवाड़ा में माँ दन्तेश्वरी मन्दिर, सक्ती-चाँपा में माँ चन्द्रहासिनी मन्दिर और सरगुजा के कुदरगढ़ में बागेश्वरी देवी मन्दिर का 50-50 करोड़ रुपए की लागत से भव्य कायाकल्प किया जा रहा है। इसी प्रकार ऐतिहासिक भोरमदेव के प्राचीन वैभव को वापस लौटाने और वहां विकास कार्यों को गति देने के लिए 150 करोड़ रुपए की लागत से कार्य किए जा रहे हैं।
सीए श्री चिमनानी ने बताया कि प्रदेश में मनोरंजन और रोजगार को बढ़ावा देने के लिए 400 करोड़ रुपए की भारी-भरकम लागत से आधुनिक फिल्म सिटी का निर्माण किया जा रहा है। बस्तर अंचल में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए अनूठी ‘होम स्टे नीति’ लागू की गई है। इसके तहत यदि कोई स्थानीय निवासी अपने घर को पर्यटकों के ठहरने के लिए खोलता है, तो सरकार द्वारा उसे 1 लाख रुपए का अनुदान दिया जा रहा है। श्री चिमनानी ने इस बात पर बल दिया कि छत्तीसगढ़ आने वाले समय में सर्विस सेक्टर में बहुत तेज गति से विकास करने जा रहा है। ऐसे में प्रदेश के सभी व्यापारियों को इन उभरते हुए अवसरों को समय रहते पहचानने की जरूरत है, ताकि वे न केवल अपने व्यवसाय को नई ऊँचाइयों पर ले जा सकें, बल्कि देश और प्रदेश की तरक्की में भी अपना भरपूर योगदान दे सकें।
कैट के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अमर पारवानी, प्रदेश अध्यक्ष परमानंद जैन, युवा विंग अध्यक्ष अवनीत सिंह सहित पूरी टीम का इस आयोजन के लिए आभार व्यक्त किया गया।

