
26 जुलाई 2025 रायपुर। विज्ञान संकाय के अधीन एप्लाइड साइंस विभाग द्वारा 24 और 25 जुलाई 2025 को बायो-कैप्चर फोटोग्राफी प्रतियोगिता का सफल आयोजन किया गया। यह गतिविधि छात्रों की रचनात्मकता, अवलोकन क्षमता और कलात्मक अभिव्यक्ति को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित की गई थी। प्रतियोगिता में विज्ञान संकाय के 16 प्रतिभागियों ने लगभग 80 शानदार फोटोग्राफ प्रस्तुत किए, जिनमें यूनिवर्सिटी परिसर की जैविक विविधताओं को सजीव रूप में कैमरे में कैद किया गया। छात्रों ने प्रकृति, विज्ञान, जीवन और नवाचार से संबंधित विभिन्न विषयों को उत्साहपूर्वक चित्रित किया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!प्रतियोगिता का मूल्यांकन एक प्रतिष्ठित निर्णायक मंडल द्वारा किया गया, जिसमें शामिल थे:
• प्रो. मिथिलेश सिंह (इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग)
• डॉ. प्रज्ञा नंदन बंजारे (मेटलर्जिकल इंजीनियरिंग विभाग)
• डॉ. अजय गुप्ता (मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग)
• डॉ. सुरेन्द्र कुमार गौतम (लाइफ साइंस विभाग)
प्रतियोगिता के आयोजन में एप्लाइड साइंस विभाग की प्रमुख भूमिका रही, जिसमें प्रो. ए. के. सरकार, डॉ. रुपल पुरेना, डॉ. धनंजय टंडन, डॉ. माधवी पांडेय, मिशा मार्टिन और डॉ. खुशबू वर्माशामिल थी। प्रमुख प्रतिभागियों में गायत्री ने फूलों और उन पर पराग लेने वाले जीवों की सुंदर झलक प्रस्तुत की, निकिल वर्मा ने परिसर की जैव विविधता को उकेरा, अमिताभ दास ने मशरूम और विभिन्न प्रकार के फूलों को कैमरे में कैद किया, वहीं सोनी ने यूनिवर्सिटी परिसर में पाए जाने वाले विभिन्न पुष्प प्रजातियों का सुंदर चित्रण किया। प्रतियोगिता के अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र वितरित किए गए। बायो-कैप्चर 2025 न केवल छात्रों की रचनात्मकता को उजागर करने का माध्यम बना, बल्कि विज्ञान शिक्षा में सौंदर्य दृष्टिकोण को भी प्रोत्साहित किया। इस दो दिवसीय कार्यक्रम ने शिक्षकों, प्रतिभागियों और निर्णायकों के सामूहिक प्रयास से एक जीवंत और प्रेरणादायक वातावरण निर्मित किया।



