
पैरों में दर्द: महिलाओं की आम समस्या और घरेलू उपचार- क्या आप भी उन लाखों महिलाओं में से हैं जिन्हें पैरों में दर्द की समस्या है? चाहे वो टखनों में चुभन हो, पिंडलियों में खिंचाव हो या फिर तलवों में जलन, ये दर्द कई कारणों से हो सकता है और रोज़मर्रा की ज़िंदगी को मुश्किल बना सकता है। आइए, इस लेख में हम इस समस्या के पीछे छिपे कारणों और इससे निजात पाने के आसान घरेलू उपायों को समझते हैं।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!पैरों के दर्द के असली कारण क्या हैं?- पैरों में दर्द की समस्या कई कारकों से जुड़ी हो सकती है। लंबे समय तक खड़े रहना या चलना, मोटापा, और ज़्यादा शारीरिक मेहनत तो आम कारण हैं ही, इसके अलावा कुछ और भी गंभीर कारण हो सकते हैं:
* टेंडोनाइटिस: यह तब होता है जब मांसपेशियों और हड्डियों को जोड़ने वाले ऊतक में सूजन आ जाती है। ज़्यादा व्यायाम या चोट लगने से यह समस्या हो सकती है। दर्द अक्सर धीरे-धीरे शुरू होता है और फिर तेज होता जाता है।
* साइंटिका: रीढ़ की हड्डी में हर्निएटेड डिस्क के कारण नसों पर दबाव पड़ने से साइटिका हो सकता है। इससे पैरों में तेज दर्द होता है जो कभी-कभी जांघों तक भी फैल सकता है।
* फाइब्रोमाइलजिया: इसमें हल्के स्पर्श से भी तेज दर्द महसूस होता है, खासकर एड़ी और पिंडलियों में। यह एक पुरानी बीमारी है जिसका अभी तक कोई ठीक-ठीक इलाज नहीं है।
*हार्मोनल बदलाव: महिलाओं में एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन के स्तर में बदलाव, जैसे पीरियड्स, प्रेग्नेंसी या मेनोपॉज के दौरान, पैरों में सूजन और दर्द का कारण बन सकते हैं।
*पोषण की कमी: विटामिन, मिनरल्स, और आयरन की कमी से हड्डियों और मांसपेशियों को कमज़ोर बना सकती है जिससे पैरों में दर्द हो सकता है।
*तनाव: तनाव के कारण शरीर में कोर्टिसोल का स्तर बढ़ जाता है जिससे पैरों में रक्त प्रवाह कम हो जाता है और दर्द बढ़ सकता है।
पैरों के दर्द से कैसे पाएँ आराम?- अगर आपको बार-बार पैरों में दर्द हो रहा है, तो घबराएँ नहीं, कुछ आसान घरेलू उपायों से आप राहत पा सकती हैं:
* गुनगुने पानी में सिकाई: नमक मिले गुनगुने पानी में पैरों को 15-20 मिनट तक डुबोने से दर्द में आराम मिल सकता है।
*एक्यूप्रेशर: पैरों की उंगलियों के पीछे मौजूद एक्युप्रेशर प्वाइंट्स को हल्के हाथों से दबाने से दर्द कम हो सकता है।
*स्ट्रेचिंग: रोज़ाना स्ट्रेचिंग करने से मांसपेशियों को लचीला बनाए रखने में मदद मिलती है और दर्द कम होता है।
*पर्याप्त पानी पिएं: पानी की कमी से मांसपेशियों में ऐंठन हो सकती है। पर्याप्त पानी पीने से शरीर हाइड्रेटेड रहता है।
* पौष्टिक आहार: हरी पत्तेदार सब्जियाँ, फल, और आयरन से भरपूर आहार खाने से शरीर को ज़रूरी पोषक तत्व मिलते हैं।
*धूप में बैठें: धूप से विटामिन डी मिलता है जो हड्डियों को मज़बूत बनाता है।
ध्यान दें: अगर दर्द ज़्यादा हो या लंबे समय तक रहे तो डॉक्टर से सलाह ज़रूर लें।

