आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में बढ़ा सुविधाओं का दायरा; मेडिकल ऑफिसर और पैरामेडिकल स्टाफ की भर्ती से सुधरी स्वास्थ्य व्यवस्था
रायपुर, /मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO), राजनांदगांव ने जानकारी देते हुए कहा है कि नगर निगम क्षेत्र के शहरी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में आम जनता को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। विभाग के अनुसार, नगर निगम के 51 वार्डों में सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं देने के उद्देश्य से इन केंद्रों की स्थापना की गई है, जहाँ आवश्यक अधोसंरचना का निर्माण कर निरंतर व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं । पूर्व में संचालित केंद्रों में जहाँ केवल एक महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता तैनात होती थी, वहीं अब सेटअप में वृद्धि कर उच्च योग्यताधारी मेडिकल ऑफिसर, पैरामेडिकल स्टाफ, स्टाफ नर्स और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की भर्ती की गई है, जिससे ओ.पी.डी. की संख्या में भी निरंतर बढ़ोतरी हो रही है ।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!दवाओं की उपलब्धता के बारे में विभाग ने बताया कि शहरी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में बी.पी., शुगर और अन्य आवश्यक दवाओं की आपूर्ति नजदीकी शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र शंकरपुर, मोतीपुर और लखोली के माध्यम से की जा रही है । इसके अतिरिक्त, सी.जी.एम.एस.सी. द्वारा प्रदाय की जाने वाली दवाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं । विभाग का कहना है कि दवाओं और उपकरणों की उपलब्धता के लिए तकनीकी कमियों को दूर कर गैप विश्लेषण के माध्यम से सर्विस डिलीवरी में सुधार किया जा रहा है ।
स्वास्थ्य सुविधाओं की गुणवत्ता को लेकर विभाग ने जानकारी दी है कि शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (NQAS) प्रमाणीकरण प्राप्त है, जो बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का परिचायक है । इन केंद्रों में मातृत्व शिशु स्वास्थ्य, ई-संजीवनी, फिजियोथैरेपी, लैब जांच और फार्मेसी जैसी सेवाएं अनवरत दी जा रही हैं । साथ ही, जिला चिकित्सालय में संचालित “हमर लैब” के माध्यम से विभिन्न प्रकार की लैब जांच की सुविधाएं भी निरंतर जारी हैं ।

