
रेलवे और SBI के बीच समझौता, जानिए रेलवे कर्मचारियों को मिलने वाले करोड़ों के बीमा कवर के बारे में
नई दिल्ली। भारत के दो अग्रणी संस्थानों, दुनिया के सबसे बड़े रेल नेटवर्कों में से एक, भारतीय रेलवे (आईआर) और देश के सबसे बड़े सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक, भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के बीच आज एक ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इस समारोह में माननीय रेल, सूचना एवं प्रसारण, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव, रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष सतीश कुमार और एसबीआई के अध्यक्ष सी.एस. शेट्टी की गरिमामयी मौजूदगी रही।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!इस समझौता ज्ञापन के तहत, एसबीआई में वेतन खाते रखने वाले रेलवे कर्मचारियों के लिए बीमा कवरेज में खासी वृद्धि की गई है। आकस्मिक मृत्यु की स्थिति में, बीमा लाभ को बढ़ाकर 1 करोड़ रुपए कर दिया गया है, जबकि सीजीईजीआईएस के तहत आने वाले समूह ए,बी और सी के कर्मचारियों के लिए वर्तमान कवरेज क्रमशः 1.20 लाख रुपए, 60,000 रुपए और 30,000 रुपए है।
इसके अलावा, एसबीआई में केवल वेतन खाता रखने वाले सभी रेलवे कर्मचारी, अब बिना किसी प्रीमियम का भुगतान किए या किसी मेडिकल जांच के 10 लाख रुपए के प्राकृतिक मृत्यु बीमा कवरेज के पात्र होंगे।
करीब 7 लाख रेलवे कर्मचारियों के एसबीआई में वेतन खाते होने के कारण, यह समझौता कर्मचारी कल्याण की दिशा में एक बड़ा कदम है, जो भारतीय रेलवे और एसबीआई के बीच एक संवेदनशील और मानवीय साझेदारी को दर्शाता है।
इस समझौता ज्ञापन के तहत कुछ प्रमुख पूरक बीमा कवर में शामिल हैं: 1.60 करोड़ रुपए का हवाई दुर्घटना बीमा (मृत्यु) कवर और रुपे डेबिट कार्ड पर 1.00 करोड़ रुपए तक का अतिरिक्त कवर, 1.00 करोड़ रुपए का व्यक्तिगत दुर्घटना (स्थायी पूर्ण विकलांगता) कवर और 80 लाख रुपए तक का व्यक्तिगत दुर्घटना (स्थायी आंशिक विकलांगता) कवर।
दो प्रमुख संस्थाओं के बीच यह समझौता ज्ञापन कर्मचारी-केंद्रित, मानवीय भावनाओं के अनुकूल है और खासकर ग्रुप सी और अन्य अग्रिम पंक्ति के रेलवे कर्मियों को विशेष लाभ प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।

