Ganesh Utsav in CG: गणेश उत्सव में इस बार नहीं बजेगा DJ! झांकी और मूर्ति की ऊंचाई को लेकर प्रशासन ने तय किए नए नियम

Ganesh Utsav 2026: भिलाई में गणेश उत्सव को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से सम्पन्न कराने दुर्ग पुलिस ने तैयारियां तेज कर दी हैं। डीआईजी विजय अग्रवाल के निर्देश पर जिले के 50 से अधिक बड़े और मध्यम गणेश पंडाल समितियों के पदाधिकारियों की बैठक लेकर सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में एएसपी शोभराज अग्रवाल, सीएसपी दुर्ग हर्षित मेहर, सीएसपी भिलाई नगर निशांत पाठक और सीएसपी छावनी प्रशांत सिंह पैकरा मौजूद रहे।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!प्रवेश-निकास पर कैमरे रात में दो सदस्य रहेंगे
पुलिस ने पंडालों में प्रवेश-निकास, मुख्य मूर्ति स्थल और पार्किंग क्षेत्र में पर्याप्त सीसीटीवी कैमरे लगाने कहा है। रात में पंडाल की सुरक्षा के लिए समिति के कम से कम दो सदस्यों की मौजूदगी अनिवार्य रहेगी। महिला और पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग कतार व प्रवेश-निकास व्यवस्था के साथ पर्याप्त वॉलेंटियर और सुरक्षा गार्ड रखने के निर्देश दिए गए हैं।
रात 10 बजे बाद लाउडस्पीकर पर रोक
सीएसपी हर्षित मेहर ने बताया कि रात 10 बजे के बाद ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग प्रतिबंधित रहेगा। उल्लंघन पर उपकरण जब्त करने के साथ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पंडाल और विसर्जन झांकी में नशे का सेवन तथा जबरन चंदा वसूली पर भी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
केवल धार्मिक गीतों की अनुमति
विसर्जन झांकी निर्धारित मार्ग से ही निकालनी होगी। प्रत्येक झांकी में अधिकतम तीन वाहन—गणेश वाहन, झांकी वाहन और जनरेटर-डीजे वाहन—की अनुमति होगी। झांकी की अधिकतम ऊंचाई 15 फीट और प्रत्येक झांकी में कम से कम आठ वॉलेंटियर रखना अनिवार्य होगा। विसर्जन के दौरान तलवार, भाला, डंडा या अन्य हथियार रखने पर रोक रहेगी। झांकियों में केवल धार्मिक गीतों की अनुमति होगी।
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सडक़ रोककर पार्किंग या वसूली नहीं
पंडाल और पार्किंग के लिए सडक़ अथवा आवागमन मार्ग बाधित नहीं करने तथा पहले से पार्किंग स्थल चिह्नित करने कहा गया है। अनधिकृत पार्किंग शुल्क वसूली मिलने पर कार्रवाई होगी। झूले, मनोरंजन उपकरण और तकनीकी मशीनरी लगाने से पहले संबंधित विभाग से तकनीकी प्रमाण-पत्र लेना होगा। पंडालों में फायर, सुरक्षा और इलेक्ट्रिसिटी ऑडिट कराने के साथ अग्निशमन उपकरण, रेत और पानी की व्यवस्था रखने के निर्देश दिए गए।

