
महापौर मीनल चौबे ने जल विभाग अध्यक्ष संतोष सीमा साहू सहित जल विभाग की बैठक लेकर समीक्षा कर आवश्यक दिये निर्देश
जोनो में पार्षदों सहित ली बैठक में दिये निर्देशो के पालन की स्थिति, नलकूपों के संबंध में स्थिति की जानकारी ली, शहर को टैंकर मुक्त करने की दिशा में प्रयास करने दिये निर्देश
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!रायपुर – आज नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर मीनल चौबे ने जल कार्य विभाग अध्यक्ष संतोष सीमा साहू सहित प्रभारी अपर आयुक्त कृष्णा खटीक, मुख्य अभियंता यू.के. धलेन्द्र, अधीक्षण अभियंता संजय बागड़े, कार्यपालन अभियंता नरसिंह फरेन्द्र, अंशुल शर्मा, जोन कार्यपालन अभियंताओ, सहायक अभियंताओं, उपअभियंताओं की उपस्थिति में महापौर कक्ष में जलविभाग की बैठक लेकर कार्य समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये। महापौर मीनल चौबे ने जोन वार जलविभाग अभियंताओं से विगत दिनों महापौर द्वारा जलकार्य विभाग अध्यक्ष सहित जोनो में जाकर वार्ड पार्षदो सहित जलविभाग की ली गई बैठक में दिये गये निर्देशो के पालन की स्थिति की जानकारी लेकर समीक्षा की एवं आवश्यक निर्देश दिये। महापौर ने गर्मी के दौरान वार्डो में पेयजल संकट दूर करने हेतु करवाये गये नलकूप खनन कार्यों की जानकारी ली एवं निर्देश दिये कि अधिकारीगण इसका ध्यान रखे कि एक ही स्थान पर आस पास अनेक नलकूप खनन कार्य कदापि ना कराये जाये। साथ ही प्रयास हो कि अत्यधिक मात्रा में नलकूप खनन कार्य करवाने की स्थिति शहर में ना रहे।
महापौर ने बैठक में निर्देशित किया कि पाईप लाईन विस्तार के कार्यों के जो प्रस्ताव बनाकर भेजे गये है उन पर नगर निगम के स्तर पर सक्षम स्वीकृति लेकर कार्यों को वार्डो में प्रारंभ करवाये एवं संबंधित जोनो के जलविभाग उपअभियंता यह तय करें कि नई पाईप लाईन विस्तार के कार्यों को करवाने के बाद क्षेत्र में पेयजल संकट का समाधान होगा एवं भविष्य में वहां पेयजल टैंकरो को भेजने की स्थिति नहीं बनेगी। शहर में जोनो में, वार्डो में, पेयजल टैंकरो से मुक्त क्षेत्र बनाने संबंधित जलविभाग अभियंतागण प्रयास करें। नागरिको को गर्मी में पर्याप्त मात्रा में पेयजल प्राप्त हो किंतु इसके लिए अत्यधिक मात्रा में पानी टैंकर चलाये जाने की स्थिति ना बने। टैंकरो की संख्या में लगातार कमी आये एवं नागरिको को नदी का मीठा जल घरो में नलो के माध्यम से उपलब्ध कराये जाने का कार्य शासन की जनहितकारी मंशा अनुरूप राजधानी शहर निगम क्षेत्र में हो इसका अधिकारीगण ध्यान रखे। पेयजल टैंकरो के देयको का भुगतान बिना सत्यापन एवं प्रमाणित किये ना किया जाये यह भी जलविभाग के अधिकारीगण तय करें।

