पतली कमर के लिए पसलियां तुड़वा रहीं महिलाएं! क्या है रिब मॉडलिंग सर्जरी का खतरनाक सच?

नई दिल्ली : खूबसूरत और आकर्षक दिखने की चाह में कॉस्मेटिक सर्जरी का चलन तेजी से बढ़ रहा है। पहले जहां स्लिम कमर पाने के लिए लोग घंटों जिम में पसीना बहाते थे और डाइट पर ध्यान देते थे, वहीं अब कुछ लोग मनचाहा फिगर पाने के लिए सर्जरी का सहारा ले रहे हैं। इसी कड़ी में रिब रीमॉडलिंग सर्जरी चर्चा में है, जिसमें कमर को पतला दिखाने के लिए निचली पसलियों के आकार और स्थिति में बदलाव किया जाता है। हालांकि, इस प्रक्रिया से जुड़े संभावित जोखिमों को नजरअंदाज करना खतरनाक हो सकता है।
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क्या है रिब रीमॉडलिंग सर्जरी?
रिब रीमॉडलिंग एक कॉस्मेटिक प्रक्रिया है, जिसका उद्देश्य कमर को अधिक पतला और आकर्षक आकार देना है। इसमें निचली पसलियों की स्थिति में बदलाव किया जाता है, ताकि कमर का घेरा कम दिखाई दे। यह प्रक्रिया आमतौर पर जनरल एनेस्थीसिया के तहत की जाती है और इसमें विशेष उपकरणों की मदद से पसलियों को नियंत्रित तरीके से मोड़ने या उनका आकार बदलने की कोशिश की जाती है।
सर्जरी के बाद रिकवरी की प्रक्रिया भी चुनौतीपूर्ण हो सकती है। कुछ तकनीकों में हड्डियों को नई स्थिति में स्थिर रखने के लिए लंबे समय तक मेडिकल कॉर्सेट पहनने की सलाह दी जाती है। इसकी अवधि मरीज की स्थिति और अपनाई गई तकनीक पर निर्भर करती है।
सोशल मीडिया पर बढ़ रहा सर्जरी का क्रेज
सोशल मीडिया पर परफेक्ट फिगर और आकर्षक बॉडी शेप को लेकर बढ़ते दबाव के बीच इस तरह की कॉस्मेटिक प्रक्रियाएं चर्चा में हैं। कुछ इन्फ्लुएंसर्स ने रिब रीमॉडलिंग पर लाखों रुपये खर्च करने के अनुभव साझा किए हैं। उनका दावा है कि इस प्रक्रिया से उन्हें ऐसा कमर का आकार मिला, जिसे वे केवल एक्सरसाइज और डाइट से हासिल नहीं कर पा रही थीं।
हालांकि, सोशल मीडिया पर दिखाई देने वाले नतीजे हर व्यक्ति के लिए समान हों, यह जरूरी नहीं है। किसी भी कॉस्मेटिक प्रक्रिया का निर्णय लेने से पहले उसके फायदे, सीमाएं, संभावित जटिलताओं और लंबे समय के प्रभावों को समझना जरूरी है।
रिब रीमॉडलिंग सर्जरी के क्या हैं खतरे?
पसलियों के आसपास सर्जरी होने के कारण इसमें कई तरह की जटिलताओं का जोखिम हो सकता है। इनमें संक्रमण, रक्तस्राव, लगातार दर्द, हड्डियों का गलत तरीके से जुड़ना और मनचाहा परिणाम नहीं मिलना शामिल हैं।
इसके अलावा, छाती के अंदर हवा जमा होने की स्थिति को न्यूमोथोरैक्स और खून जमा होने की स्थिति को हीमोथोरैक्स कहा जाता है। ये गंभीर स्थितियां हो सकती हैं और तत्काल चिकित्सा की जरूरत पड़ सकती है। हालांकि, इन जटिलताओं की वास्तविक संभावना व्यक्ति की स्थिति, सर्जिकल तकनीक और चिकित्सा देखभाल पर निर्भर करती है।
सर्जरी से पहले किन बातों का रखें ध्यान?
रिब रीमॉडलिंग जैसी कॉस्मेटिक सर्जरी कराने से पहले योग्य और मान्यता प्राप्त प्लास्टिक सर्जन से परामर्श करना चाहिए। डॉक्टर से प्रक्रिया के संभावित जोखिम, रिकवरी में लगने वाला समय, लंबे समय के परिणाम और दूसरे विकल्पों के बारे में स्पष्ट जानकारी लें।
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ध्यान रखें: पतली कमर पाने के लिए किसी भी सर्जरी का फैसला केवल सोशल मीडिया पर दिखने वाले परिणामों के आधार पर न लें। शरीर की बनावट हर व्यक्ति में अलग होती है और किसी भी सर्जरी में जोखिम हो सकते हैं।

