
उत्तर प्रदेश के चार एक्सप्रेसवे पर वाहन चलाना हुआ महंगा, टोल में वृद्धि
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में चल रहे चार प्रमुख एक्सप्रेसवे पर यात्रा करने वाले वाहन चालकों को अब नई टोल दरें चुकानी पड़ेंगी। वर्ष 2026-27 के लिए जारी संशोधित टोल रेट में सभी श्रेणी के वाहनों की दरें बढ़ाई गई हैं। यह जानकारी यूपीडा की आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति में गुरुवार को दी गई है। पिछले वर्ष के मुकाबले बढ़ोतरी की बात की जाए तो यह दर मात्र दो प्रतिशत के लगभग है। अब
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे, बुन्देलखण्ड एक्सप्रेसवे और गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे पर पूरे रूट (प्रथम टोल से अंतिम टोल तक) की यात्रा के लिए एक फेरा टोल की नई दरें लागू होंगी। ये दरें 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी कर दी गई हैं।
यूपीडा के प्रवक्ता ने बताया कि सरकार ने इन दरों में पिछले वर्ष की तुलना में वृद्धि की है, जो महंगाई और रखरखाव की बढ़ती लागत को ध्यान में रखकर तय की गई है। इन एक्सप्रेसवे का उपयोग करने वाले लाखों वाहन चालक, व्यापारी और यात्री इन नई दरों से सीधे प्रभावित होंगे।
नई टोल दरें इस प्रकार हैं-
दो पहिया, तीन पहिया, ट्रैक्टर
आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर 335 रुपये
पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर 350 रुपये
बुन्देलखण्ड एक्सप्रेसवे पर 315 रुपये
गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे पर 145 रुपये
मोटर वाहन के लिए
आगरा-लखनऊ पर 675 रुपये, पूर्वांचल पर 700 रुपये, बुन्देलखण्ड पर 635 रुपये और गोरखपुर पर 295 रुपये
हल्के व्यावसायिक वाहन, हल्के माल वाहन और मिनी बस
आगरा-लखनऊ पर 1065 रुपये, पूर्वांचल पर 1105 रुपये, बुन्देलखण्ड पर 1000 रुपये और गोरखपुर पर 440 रुपये चुकाने होंगे
बस और ट्रक के लिए
आगरा-लखनऊ पर 2150 रुपये, पूर्वांचल पर 2240 रुपये, बुन्देलखण्ड पर 2025 रुपये और गोरखपुर पर 845 रुपये
भारी निर्माण मशीन, भू-गतिमान उपकरण और 3 से 6 धुरी वाले बहुधुरीय वाहन के लिए
आगरा-लखनऊ पर 3290 रुपये, पूर्वांचल पर 3430 रुपये, बुन्देलखण्ड पर 3100 रुपये और गोरखपुर पर 1345 रुपये
7 या अधिक धुरी वाले ओवरसाइज्ड (विशाल) वाहनों को सबसे ज्यादा टोल देना होगा
आगरा-लखनऊ पर 4230 रुपये, पूर्वांचल पर 4400 रुपये, बुन्देलखण्ड पर 3980 रुपये और गोरखपुर पर 1755 रुपये

