
पलामू । अंधविश्वास में पलामू में एक बार फिर हत्या करने का मामला सोमवार को प्रकाश में आया है। एक महिला का बच्चा बीमारी से मर गया तो उसने ओझा की बातों में आकर गोतनी के आठ साल के बेटे को मार डाला। मासूम की हत्या चाची ने गला दबाकर की है। बच्चे की हत्या करने वाली महिला को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। घटना चैनपुर थाना क्षेत्र के सलतुआ गांव में हुई।
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मिली जानकारी के अनुसार अखिलेश सिंह का पुत्र प्रेम कुमार सिंह (8) अपने घर के पास खेल रहा था। रविवार को चचेरी चाची जमुना सिंह की पत्नी सुनीता देवी बच्चे को चॉकेलेट खिलाने के बहाने बहला-फुसलाकर साथ ले गई। घर से करीब एक किलोमीटर दूर ले जाकर अरहर के खेत में गला दबा दिया। बच्चे का शव खेत में छोड़कर वह वापस घर लौट आई।
शाम तक बच्चा घर नहीं पहुंचा तो उसकी खोजबीन शुरू हुई। घंटों तलाश करने के बाद बच्चे को अरहर की खेत में देर रात मृत पाया गया। घटना की जानकारी पुलिस को दी गई। कुछ ग्रामीणों ने बच्चे को अंतिम बार चाची सुनीता के साथ देखे जाने की बात कही। सुनीता से पूछताछ की गयी तो उसने बच्चे को मारने का बात कबूल की। पुलिस ने महिला को गिरफ्तार कर लिया, वहीं बच्चे के शव का पोस्टमार्टम के लिए सोमवार को एमआरएमसीएच भेज दिया गया।
गोतनी के बेटे को मारने वाली महिला सुनीता का बेटा एक साल का था। पांच दिन पहले ही उसकी मौत बीमारी से हुई थी। सुनीता के रिश्तेदार सतबरवा में रहते हैं। सतबरवा आने -जाने के क्रम में सुनीता एक ओझा के संपर्क में आ गई। बेटे की मौत के पर ओझा ने प्रेम की मां और पिता के खिलाफ सुनीता को भड़काया। सुनीता से कहा कि गोतनी ने डायन-भूत कर उसके बेटे को मार दिया है। इसी कारण उसने अपने बेटे की मौत का बदला उसके बेटे की हत्या कर ले ली। घटना के बाद से गांव में सनसनी फैल गयी है। हर तरफ इस मामले की चर्चा है। गांव वाले इस घटना से दुखी हैं और प्रभावित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त कर रहे हैं। सोमवार प्रेम का अंतिम संस्कार किया गया। घटना के वक्त प्रेम के पिता एवं परिवार के अन्य पुरूष सदस्य मजदूरी के सिलसिले में बाहर के प्रदेश में थे। घटना की सूचना मिलने पर वे पहुंचे।

