
Anti Paper Leak Bill 2026: पेपर लीक पर मोदी सरकार का बड़ा एक्शन! लोकसभा में पेश हुआ नया अमेंडमेंट बिल 2026
Anti Paper Leak Bill 2026: देश में पेपर लीक के बढ़ते मामलों के बीच मोदी सरकार लोकसभा में ‘पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) अमेंडमेंट बिल, 2026’ पेश कर दिया है. बीते शुक्रवार को सरकार द्वारा इसी सिलसिले में एक ड्रॉफ्ट बिल पहले ही अप्रूल किया जा चुका है. असल में ‘पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) अमेंडमेंट बिल,2024 में ही कुछ जरूरी संशोधन किए जा रहे हैं. संशोधित बिल के तहत पेपर लीक मामलों के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने की तैयारी है, इसके अलावा दो महीने के भीतर ही जांच पूरी करने की बात कही गई है. इसके अलावा पेपर लीक के आरोपियों के लिए कम से कम पांच और अधिकतम 10 साल की सजा प्रावधान किया जा रहा है. वहीं संगठित अपराधों के लिए कम से कम सात साल की सजा और 10 करोड़ रुपये के जुर्माने का प्रस्ताव है.
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!छत्तीसगढ़ में 7 IFS अधिकारियों का तबादला, वन विभाग ने जारी किए नए पदस्थापना आदेश
जानकारी के लिए बता दें कि आज लोकसभा में डीओपीटी राज्य मंत्री डॉ जितेंद्र सिंह इस बिल को पेश किया. लोकसभा में इस बिल पर आठ से 10 घंटे तक की चर्चा होनी थी. लेकिन विपक्ष के हंगामे की वजह से संसद को स्थगित कर दिया गया है. एनडीए ने तो रणनीति के तहत एक युवा ब्रिगेड आगे कर दी थी जो ना सिर्फ इस बिल के समर्थन में अपनी बात रखने वाली थी बल्कि विपक्ष को भी समझाने की कोशिश करने वाली थी.
8th Pay Commission: सैलरी-पेंशन पर बड़ा अपडेट, फिटमेंट फैक्टर समेत 2 अहम डेडलाइन जारी
इस बिल पर बीजेपी की तरफ से बांसुरी स्वराज और तेजस्वी सूर्या को बोलना था. इनके अलावा एनसीपीआई/टीएमसी के बाग़ियों में सयोनी घोष और मिताली बाग, टीडीपी से लावु श्री कृष्ण देवरायलु, जेडीयू से लल्लन सिंह, शिवसेना से डॉ श्रीकांत शिंदे, एनसीपी से सुनील तटकरे, अपना दल से अनुप्रिया पटेल, लोजपा रामविलास से अरुण भारती आदि भी चर्चा में हिस्सा लेना था.

